महामहिम श्री तैयब ज़ितौनी, व्यापार और निर्यात संवर्धन मंत्री, पीपुल्स डेमोक्रेटिक रिपब्लिक ऑफ़ अल्जीरिया
वाणिज्य, उद्योग एवं व्यापार समुदाय के सम्मानित प्रतिनिधिगणों,
देवियो और सज्जनों,
नमस्कार, शुभ दोपहर और मरहबा!
आज अल्जीरिया-इंडिया इकोनॉमिक फोरम को संबोधित करते हुए मुझे अत्यन्त प्रसन्नता है। इस मंच पर व्यापार और निर्यात संवर्धन मंत्री महामहिम श्री तैयब ज़ितौनी की गरिमामयी उपस्थिति के लिए मैं उन्हें धन्यवाद देती हूँ। मैं इस कार्यक्रम को संयुक्त रूप से आयोजित करने के लिए अल्जीरियन इकोनॉमिक रिनीवल काउंसिल और इंडियन चैम्बर्स ऑफ कॉमर्स एंड इंडस्ट्री (एफआईसीसीआई) को भी धन्यवाद देती हूँ। हमारे दोनों देशों के बीच आयोजित इस तरह के प्रथम फोरम में दोनों पक्षों की उत्साहपूर्ण भागीदारी देखना मेरे लिए बड़ी संतुष्टि की बात है।
2. आज सुबह, मैंने राष्ट्रपति तेबाउने के साथ उपयोगी चर्चा की। मैं उनके कुशल नेतृत्व में अल्जीरियाई सरकार द्वारा प्रारंभ किए गए रूपांतरणकारी सुधारों की सराहना करती हूँ। आज के 'नए अल्जीरिया' में सभी स्तरों पर विकास और प्रगति के प्रभावशाली संकेत स्पष्ट रूप से दिख रहे हैं। अल्जीरिया में अधिक लोकतांत्रिक और अधिक समावेशी विकास को बढ़ावा देने के लिए राष्ट्रपति तेबाउने की दृढ़ प्रतिबद्धता सराहनीय है।
3. भारत और अल्जीरिया के बीच संबंध अत्यन्त मधुर और मैत्रीपूर्ण रहे हैं। हमारे सिद्धांत एक जैसे ही हैं और द्विपक्षीय और बहुपक्षीय स्तरों पर कई मुद्दों पर हमारा दृष्टिकोण समानतायुक्त है। भारत ने अल्जीरियाई स्वतंत्रता संघर्ष को दृढ़ता से समर्थन दिया था और आज भारत और अल्जीरिया शांति और समृद्धि के मार्ग पर चलने के लिए कृतसंकल्प हैं।
4. भारत-अफ्रीका परिवेश में भारत-अल्जीरिया संबंधों को आगे बढ़ाना हमारे साझा मूल्यों, एक जैसी चुनौतियों और पारस्परिक विश्वास पर आधारित है। आज भारत, अफ्रीका का चौथा सबसे बड़ा व्यापारिक साझेदार है, जिसका द्विपक्षीय व्यापार लगभग 84 बिलियन अमेरिकी डॉलर और संचयी निवेश 75 बिलियन अमेरिकी डॉलर से अधिक है।
5. अल्जीरिया की तीव्र वृद्धि और विस्तारशील अर्थव्यवस्था, विभिन्न क्षेत्रों में नई संभावनाएं प्रदान करती है। अल्जीरिया की लगभग 4% की जीडीपी वृद्धि दर और पिछले दो वर्षों के दौरान 9000 निवेश परियोजनाओं का पंजीकरण होना, काफी प्रभावशाली तथ्य हैं। मैं हमारी कंपनियों को प्रोत्साहित करना चाहूँगी कि वे अल्जीरिया की अर्थव्यवस्था द्वारा प्रशस्त संभावनाओं का लाभ उठाएं और उनमें निवेश करें।
6. भारत में हम स्वयं को अल्जीरिया का एक सशक्त विकास भागीदार मानते हैं। हमारे दोनों देशों के बीच कुल व्यापार 1.7 बिलियन अमेरिकी डॉलर है। हालाँकि, मैं यह रेखांकित करना चाहूँगी कि हमारे आर्थिक संबंधों की पूरी संभाव्यताओं का लाभ उठाया जाना अभी शेष है।
7. यह उपयुक्त समय है कि हम ऊर्जा, निर्माण, ऑटोमोबाइल, उर्वरक और फार्मास्यूटिकल्स में अपने जारी सहयोग को सुदृढ़ बनाएं, तथा उज्जवल भविष्य के लिए नई व्यापारिक और निवेश संबंधी संभावनाएं चिन्हित करें।
8. वर्तमान अनिश्चित वैश्विक परिवेश में भारत की तीव्र वृद्धि उल्लेखनीय है। वर्तमान में 4 ट्रिलियन डॉलर की अर्थव्यवस्था के साथ भारत ने राजनीतिक स्थायित्व, नीतिगत पूर्वानुमान और सुधार आधारित -आर्थिक एजेंडे के कारण पिछले कुछ वर्षों में प्रभावशाली प्रगति की है, जिसने 'ईज ऑफ डूइंग बिज़नेस' की शुरुआत की है। 8% की अनवरत विकास दर, कुशल प्रतिभाओं का समूह, उत्पादन से जुड़ी प्रोत्साहन योजनाएं, इंडिया सेमीकंडक्टर मिशन जैसे कार्यक्रम और 12 स्मार्ट औद्योगिक शहरों की स्थापना ने नए अवसरों के द्वार खोले हैं। विनिर्माण क्षेत्र को प्रोत्साहित करने के लिए माल और सेवा कर जैसे कई अन्य सुधार लागू किए गए हैं। इससे भारत में व्यवसाय स्थापित करना और विकसित करना सरल बन गया है। मैं अल्जीरियाई कंपनियों को हमारे "मेक-इन इंडिया" और "मेक फॉर द वर्ल्ड" कार्यक्रमों में सहभागी बनने के लिए आमंत्रित करती हूँ।
9. विज्ञान और प्रौद्योगिकी, आईटी, फिन-टेक, फार्मा, अंतरिक्ष, स्टार्टअप और नवीकरणीय ऊर्जा आदि क्षेत्रों में भारत ने कई उपलब्धियां हासिल की हैं। हमें इन क्षेत्रों में अपने अल्जीरियाई भागीदारों के साथ अपने अनुभव साझा करके प्रसन्नता होगी।
10. अल्जीरिया में भारतीय समुदाय छोटा होने के बावजूद अल्जीरिया की अर्थव्यवस्था में, विशेषकर विभिन्न विकासात्मक क्षेत्रों में अपना महत्वपूर्ण स्थान रखता है। अल्जीरिया में भारतीय व्यवसायों में भारतीयों के साथ अल्जीरिया के स्थानीय लोगों को भी रोजगार मिलता है और यह हमारे व्यक्तियों से व्यक्तियों के बीच जीवंत संबंधों के उदाहरण हैं।
11. राष्ट्रपति तेबाउने और मेरा दृढ़ विश्वास है कि अब इस साझेदारी को और सशक्त बनाने, तथा हमारे दोनों देशों के बीच सहयोग के एक नए युग की ओर मिलकर बढ़ने का अब प्रासंगिक समय है। हम सभी स्तरों और सभी क्षेत्रों में नियमित परामर्श और वार्ताएं जारी रखने के लिए कृतसंकल्प हैं।
12. आज का इकोनॉमिक फोरम, हमारे आर्थिक सहयोग को उन्नत बनाने की दिशा में एक बड़ा कदम है और मैं इन चर्चाओं में आपकी सफलता हेतु शुभकामनाएं प्रदान करती हूँ।
जय हिन्द!
शुक्रान!